ठाकुरबारी के प्रति गाँव वालों के मन में क्या है A. अपार श्रद्धा B. घृणा C. नफरत D. कुछ भी नही?

सही उत्तर होगा :

A. अपार श्रद्धा

 

स्पष्टीकरण :

ठाकुर बारी के प्रति गाँव के लोगों के मन में अपार श्रद्धा के भाव है। ठाकुर बारी को गाँव के लोग एक पवित्र जगह मानते थे। इसी कारण ठाकुरबारी जो आरंभ में एक छोटा सा मंदिर थी, वह एक विशाल भवन में परिवर्तित हो गई थी। लोग श्रद्धा भाव के कारण ठाकुरबारी में दिल खोलकर दान देते थे। जिस किसी की भी मनोकामना पूर्ण हो जाती वह अपने खेत का एक छोटा सा हिस्सा ठाकुरबारी को दान देता था। इसके अलावा ठाकुरबारी में अनेक तरह का चढ़ावा आता था। दूर-दूर से लोग ठाकुरबारी में अपनी मनोकामना की पूर्ति के लिए आते थे। जिन लोगों की मनोकामना पूरी हो जाती तो वह ठाकुर बारी के ठाकुर जी (भगवान) कृपा मानते थे।

संदर्भ पाठ :

‘हरिहर काका’ मिथिलेश्वर द्वारा रचित पाठ है, जिसमें उन्होंने हरिहर काका नामक एक वृद्ध व्यक्ति की व्यथा का वर्णन किया है। हरिहर काका निःसंतान है। उनकी पत्नी का भी देहांत हो चुका है। वह अपने भाईयों के परिवार के साथ रहते हैं। उनके पास काफी संपत्ति है उनके भाइयों की नज़र उनकी संपत्ति पर है इसी कारण में हरिहर काका की खूब सेवा करते हैं, लेकिन वह केवल अपने स्वार्थ के कारण ही हरिहर काका की सेवा करते हैं, और उनकी संपत्ति हड़प लेना चाहते हैं। ठाकुरबारी गाँव का एक मंदिर है। इसके प्रति लोगों के मन में अपार श्रद्धा है, लेकिन उसके महंत भी हरिहर काका की संपत्ति पर अपनी कुदृष्टि जमा हुए हैं।मेरे साथ फिल्म फेयर अवार्ड का सबसे पुराना प्राइवेट अवार्ड है इसे 1954 से टाइम्स आफ इंडिया ग्रुप की मैगजीन फिल्मफेयर की तरफ से किया जाता है जैसे फेमिना मिस इंडिया ही आयोजित करता है ।


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